उत्तर प्रदेश बीजेपी में इस्तीफों की झड़ी लग गई है। सहारनपुर की नकुड़ सीट से विधायक और योगी सरकार में मंत्री धर्म सिंह सैनी ने इस्तीफ़ा दे दिया है। यह तीन दिन में तीसरे मंत्री का इस्तीफा है। इससे पहले कैबिनेट मंत्री स्वामी प्रसाद मौर्य और दारा सिंह चौहान इस्तीफा दे चुके हैं।
विधायक विनय शाक्य ने भी पार्टी से इस्तीफा दे दिया है। विनय शाक्य औरैया जिले की बिधूना सीट से 2017 में बीजेपी के टिकट पर चुने गए थे।
गुरुवार को ही फिरोजाबाद जिले की शिकोहाबाद सीट से विधायक मुकेश वर्मा ने पार्टी छोड़ दी।
विनय शाक्य ने बीजेपी के प्रदेश अध्यक्ष को इस्तीफे का जो पत्र भेजा है वह बिल्कुल मुकेश वर्मा के इस्तीफे के पत्र जैसा ही है। सिर्फ नाम, आवास का पता और मोबाइल नंबर के अलावा बाकी सब कुछ एक जैसा है। मुकेश वर्मा की ही तरह विनय शाक्य को भी स्वामी प्रसाद मौर्य का बेहद करीबी माना जाता है।

उधर, बीजेपी दिल्ली में उत्तर प्रदेश के चुनाव के लिए टिकटों को फाइनल करने के काम में जुटी है और इसमें सहयोगी दलों को मिलने वाली सीटों को लेकर भी सहमति बनने की खबर है।
अयोध्या से लड़ेंगे योगी
निश्चित रूप से विधानसभा चुनाव से ठीक पहले इन झटकों के कारण बीजेपी बैकफुट पर है और शायद इसीलिए वह हिंदुत्व की पिच पर फ्रंट फुट पर खेलना चाहती है। इसके लिए मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ को अयोध्या की सीट से विधानसभा चुनाव लड़ाने की तैयारी है।
उत्तर प्रदेश बीजेपी के आला नेताओं की केंद्रीय नेतृत्व के साथ हुई बैठक में यह फैसला लिया गया है कि योगी आदित्यनाथ को अयोध्या सीट से चुनाव लड़ाया जाएगा। इससे पहले योगी के मथुरा सीट से चुनाव लड़ने की जोरदार चर्चा थी। लेकिन यहां यह सवाल भी उठता है कि योगी आदित्यनाथ अपनी राजनीतिक कर्मभूमि गोरखपुर से चुनाव क्यों नहीं लड़ रहे हैं।
अपनी राय बतायें