मध्य प्रदेश में विधानसभा चुनाव के लिए सीटों के बंटवारे को लेकर कांग्रेस पार्टी की अरुचि पर जिस तरह से अखिलेश यादव प्रतिक्रिया दे रहे हैं, वह शुरुआत में ही दरार को दर्शाता है। आख़िरकार यह कैसे होगा, यह लाख टके का सवाल है।
इंडिया गठबंधन में शामिल क्या कांग्रेस और समाजवादी पार्टी के बीच तलवारें खींच गई हैं? आख़िर अखिलेश ने क्यों चेताया कि जैसा व्यवहार सपा के लोगों के साथ होगा वैसा ही उनके साथ भी होगा?
चुनावी राज्य एमपी, छत्तीसगढ़ और राजस्थान में चुनावी पारा बढ़ने लगा है। सोमवार 25 सितंबर को इन राज्यों में पीएम मोदी से लेकर कांग्रेस नेता राहुल गांधी और सपा प्रमुख अखिलेश यादव अपनी-अपनी पार्टी की डफली बजाने आ रहे हैं। हालांकि हरियाणा में ही थोड़ी गरमी है, जहां देवीलाल खानदान दो गुटों में बंटकर एक दूसरे को ललकार रहा है।
एक देश एक चुनाव पर यूपी के पूर्व मुख्यमंत्री अखिलेश यादव ने मोदी सरकार को चुनौती दी है कि लोकसभा के साथ यूपी विधानसभा का चुनाव करा कर देखें, सबकी क्ष्मता सामने आ जाएगी. आज की जनादेश चर्चा.
लखनऊ में सोमवार 21 अगस्त को सपा नेता और पूर्व मंत्री स्वामी प्रसाद मौर्य पर जूता उछाला गया लेकिन उन्हें लगा नहीं। आरोपी ओबीसी समुदाय से है। पुलिस उससे पूछताछ कर रही है।
महाराष्ट्र के बाद यूपी में सपा-आरएलडी गठबंधन टूटने की खबरें आ रही हैं। आरएलडी प्रमुख जयंत चौधरी ने एनडीए में जाने और किसी केंद्रीय मंत्री से मिलने की खबरों का खंडन किया है लेकिन हकीकत यही है सपा से उनके रिश्ते पहले जैसे नहीं रहे हैं। पढ़िए यह राजनीतिक रिपोर्टः
यूपी में समाजवादी पार्टी ने 2024 के लोकसभा चुनाव के लिए अपनी तैयारी भाजपा शैली में शुरू कर दी है। पार्टी पिछले एक साल में कई स्तर के चुनाव हार चुकी है और उसे अब समझ में आ गया है कि बिना कैडर के पार्टी आगे नहीं बढ़ सकती। क्या है उसकी तैयारी जानिएः
क्या यूपी की राजनीति करवट ले रही है। शहरी निकाय चुनाव के आंकड़े बता रहे हैं कि मुस्लिम मतदाता अब सपा-बसपा से बतौर डिफाल्ट नहीं जुड़ा है। उनकी वोटिंग का पैटर्न बता रहा है कि उनकी पंसद अब छोटी पार्टियां और यहां तक की भाजपा भी है।
अखिलेश यादव ने ऐसे संगठनों नफरत फैलाने संगठनों पर बैन लगाने का समर्थन किया है। उन्होंने पत्रकारों से बात करते हुए कहा कि नफरत फैलाने वाले संगठनों पर प्रतिबंध लगाना चाहिए।
कोलकाता में जेडीयू नेता नीतीश कुमार, आरजेडी नेता तेजस्वी यादव की टीएमसी चीफ ममता बनर्जी के साथ विपक्षी एकता पर बैठक कामयाब रही। नीतीश अब लखनऊ जा रहे हैं, जहां शाम को अखिलेश से बात होगी। हाल ही में नीतीश ने कांग्रेस नेताओं से बात की थी। नीतीश इस समय विपक्षी एकता की धुरी बन गए हैं।
बिहार के सीएम विपक्षी एकता के लिए दूसरे दौर का दौरा फिर शुरू करने जा रहे हैं। वो आज 24 अप्रैल को बंगाल की सीएम ममता बनर्जी से मिलने वाले हैं। हाल ही में नीतीश ने कांग्रेस और आप के नेताओं से मुलाकात की थी।