एआईएडीएमके पर कब्जे के लिए ईपीएस और ओपीएस के गुटों के बीच लंबे वक्त से जबरदस्त तकरार चल रही है। पूर्व मुख्यमंत्री जयललिता के निधन के बाद यह तकरार और बढ़ी है।
अदालत ने कहा कि इस मामले में कई याचिकाएं दायर की गई हैं और इसलिए इन्हें सुनने के लिए एक संवैधानिक बेंच का गठन करना होगा। क्या यह एकनाथ शिंदे गुट के लिए राहत है।
शिवसेना में चल रही ठाकरे बनाम शिंदे गुट की लड़ाई पर सभी की नजरें अब सुप्रीम कोर्ट पर हैं। ठाकरे गुट की याचिका में राज्यपाल के किस फैसले को चुनौती दी गई है?